खोजें लोड हो रहा है...
राष्ट्रीय डिजिटल समाचार मंच
ACADEMY
BREAKING
चीनी खाते ही शरीर में शुरू हो जाते हैं ये 10 बदलाव, ज्यादातर लोगों को नहीं होती जानकारी भारत की ऊर्जा आपूर्ति सुरक्षित: 62 हजार टन LNG लेकर ‘दिशा’ जहाज होर्मुज पार, सरकार ने अफवाहों से बचने की दी सलाह समुद्र के नीचे ज्वालामुखी विस्फोट से तैरते पत्थरों का सैलाब, पापुआ न्यू गिनी के कई द्वीप प्रभावित भारत ए पर 10 रन की पेनल्टी, श्रीलंका ए को मिला बड़ा फायदा; रोमांचक मुकाबले में नियम उल्लंघन पड़ा भारी UPSC GS Paper Q & A: यूपीएससी परीक्षा में कैसे सवाल पूछे जाते हैं? जानिए इतिहास, अर्थव्यवस्था और पर्यावरण से जुड़े महत्वपूर्ण प्रश्न Italy Government Scholarship 2026: भारतीय छात्रों को इटली में पढ़ने का सुनहरा मौका, मिल रही ₹17.50 लाख तक की स्कॉलरशिप चीनी खाते ही शरीर में शुरू हो जाते हैं ये 10 बदलाव, ज्यादातर लोगों को नहीं होती जानकारी भारत की ऊर्जा आपूर्ति सुरक्षित: 62 हजार टन LNG लेकर ‘दिशा’ जहाज होर्मुज पार, सरकार ने अफवाहों से बचने की दी सलाह समुद्र के नीचे ज्वालामुखी विस्फोट से तैरते पत्थरों का सैलाब, पापुआ न्यू गिनी के कई द्वीप प्रभावित भारत ए पर 10 रन की पेनल्टी, श्रीलंका ए को मिला बड़ा फायदा; रोमांचक मुकाबले में नियम उल्लंघन पड़ा भारी UPSC GS Paper Q & A: यूपीएससी परीक्षा में कैसे सवाल पूछे जाते हैं? जानिए इतिहास, अर्थव्यवस्था और पर्यावरण से जुड़े महत्वपूर्ण प्रश्न Italy Government Scholarship 2026: भारतीय छात्रों को इटली में पढ़ने का सुनहरा मौका, मिल रही ₹17.50 लाख तक की स्कॉलरशिप
×

WhatsApp यूज़र्स सावधान: ‘Ghost Pairing’ से खाली हो सकता है बैंक अकाउंट, बचाव के 5 ज़रूरी तरीके

WhatsApp ghost pairing scam alert illustrating cyber fraud risk and account security threat

नई दिल्ली: WhatsApp यूज़र्स के लिए एक नया साइबर खतरा सामने आया है, जिसे ‘Ghost Pairing’ कहा जा रहा है। इस तरीके में साइबर अपराधी बिना OTP के ही यूज़र का WhatsApp अकाउंट किसी दूसरे डिवाइस से लिंक कर लेते हैं और चुपचाप निजी चैट, OTP और बैंक अलर्ट तक पहुंच बना लेते हैं।

क्या है ‘Ghost Pairing’ साइबर ठगी?

Ghost Pairing एक ऐसी साइबर तकनीक है, जिसमें ठग WhatsApp के Linked Devices फीचर का गलत इस्तेमाल करते हैं। किसी बहाने से यूज़र से QR कोड स्कैन करवाया जाता है और उसी पल अकाउंट अपराधी के डिवाइस से जुड़ जाता है। सबसे खतरनाक बात यह है कि यूज़र का WhatsApp फोन में सामान्य रूप से चलता रहता है, जिससे शक नहीं होता।

कैसे होती है यह ठगी?

  • फर्जी कॉल, मैसेज या ईमेल के जरिए यूज़र को भ्रमित किया जाता है
  • सिक्योरिटी अपडेट या KYC के नाम पर QR कोड स्कैन करवाया जाता है
  • QR स्कैन होते ही WhatsApp दूसरे डिवाइस से लिंक हो जाता है
  • अपराधी बैकग्राउंड में चैट, OTP और अलर्ट पढ़ने लगते हैं

Ghost Pairing से बचाव के 5 ज़रूरी तरीके

  1. Linked Devices की नियमित जांच: WhatsApp Settings में जाकर सभी जुड़े डिवाइस देखें और संदिग्ध डिवाइस को तुरंत Log out करें।
  2. Two-Step Verification चालू रखें: एक मजबूत PIN सेट करें और ईमेल जरूर जोड़ें।
  3. किसी भी QR कोड को बिना वजह स्कैन न करें: WhatsApp या बैंक कभी भी QR स्कैन करने को नहीं कहते।
  4. फर्जी कॉल और मैसेज से सावधान रहें: “अकाउंट बंद हो जाएगा” जैसे शब्द ठगी का संकेत हैं।
  5. फोन और WhatsApp पर लॉक लगाएं: स्क्रीन लॉक और ऐप लॉक सुरक्षा की पहली दीवार है।

विश्लेषण

Ghost Pairing जैसी ठगी यह दिखाती है कि डिजिटल सुविधाओं के साथ-साथ डिजिटल जागरूकता भी उतनी ही ज़रूरी है। QR आधारित सिस्टम जहां सुविधा देता है, वहीं लापरवाही के कारण यही सिस्टम साइबर अपराधियों का हथियार बन जाता है।

प्रभाव

अगर यूज़र सतर्क नहीं रहे, तो उनकी निजी चैट, OTP, बैंक अलर्ट और पहचान से जुड़ी जानकारी गलत हाथों में जा सकती है, जिससे आर्थिक नुकसान के साथ-साथ सामाजिक और कानूनी परेशानियां भी बढ़ सकती हैं।

Tech Desk: सारांश राय | RI News Desk

Active Source:

:contentReference[oaicite:0]{index=0} News


स्रोतः आरआई न्यूज फीड नेटवर्क (एकीकृत) | संपादक मंडल: आरआई न्यूज डेस्क (RI News Desk)

📅 प्रकाशित तिथि: 26 Dec 2025 को 11:37 AM बजे | गाजीपुर, उत्तर प्रदेश

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top