
ज्ञान केरला जूनियर चैंप परीक्षा सम्पन्न, द्वितीय चरण में होंगे पुरस्कार घोषित
ग़ाज़ीपुर। केरला मॉडल एजुकेशन पब्लिक स्कूल के तत्वावधान में आयोजित ज्ञान केरला – जूनियर चैंप परीक्षा का प्रथम चरण आज सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। इस परीक्षा में ग़ाज़ीपुर जनपद की सात शाखाओं — यूसुफपुर, महुई, रघुबरगंज, सैदपुर, रेवतीपुर, रेवसरा और लौवाडीह — के नर्सरी, LKG और UKG के नन्हे बच्चों ने उत्साह और आत्मविश्वास के साथ भाग लिया।
विद्यालय प्रबंधन के अनुसार यह परीक्षा प्रथम चरण थी, जबकि द्वितीय चरण में बच्चों के प्रदर्शन के आधार पर पुरस्कारों की घोषणा की जाएगी।
📍 सैदपुर शाखा

सैदपुर शाखा में आयोजित परीक्षा में बच्चों ने शांत वातावरण में पूरे मनोयोग से भाग लिया। शिक्षकों के मार्गदर्शन में बच्चों ने बिना किसी दबाव के प्रश्नों को हल किया, जिससे उनके आत्मविश्वास और सीखने की रुचि का स्पष्ट परिचय मिला।
📍 महुई शाखा

महुई शाखा में परीक्षा के दौरान बच्चों में विशेष उत्साह देखा गया। छोटे बच्चों ने अनुशासन के साथ बैठकर परीक्षा दी, जो केरला मॉडल शिक्षा की सकारात्मक सोच और कार्यशैली को दर्शाता है।
📍 लौवाडीह शाखा

लौवाडीह शाखा में आयोजित परीक्षा पूरी तरह सुव्यवस्थित रही। बच्चों के चेहरे पर आत्मविश्वास और आनंद साफ दिखाई दे रहा था, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि परीक्षा को एक सीखने की प्रक्रिया के रूप में प्रस्तुत किया गया।
📍 यूसुफपुर शाखा

यूसुफपुर शाखा में नन्हे बच्चों ने परीक्षा को उत्सव की तरह लिया। शिक्षकों ने बच्चों को मानसिक रूप से तैयार किया, जिससे उन्होंने परीक्षा को बोझ नहीं बल्कि आनंद के साथ पूरा किया।
📍 रेवतीपुर शाखा

रेवतीपुर शाखा में बच्चों की एकाग्रता और अनुशासन सराहनीय रहा। परीक्षा के दौरान बच्चों का शांत व्यवहार और लगन विद्यालय की शैक्षणिक संस्कृति को दर्शाता है।
📍 रघुबरगंज शाखा

रघुबरगंज शाखा में आयोजित परीक्षा में बच्चों ने पूरे आत्मविश्वास के साथ भाग लिया। अभिभावकों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए इसे बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए उपयोगी बताया।
📍 रेवसरा शाखा

रेवसरा शाखा में भी ज्ञान केरला – जूनियर चैंप परीक्षा को लेकर बच्चों में उत्साह देखने को मिला। परीक्षा का वातावरण सकारात्मक और बच्चों के अनुकूल रहा।
केरला मॉडल शिक्षा की दिशा
ज्ञान केरला – जूनियर चैंप परीक्षा का उद्देश्य बच्चों को प्रारंभिक अवस्था से ही डर-मुक्त, आनंददायी और अवधारणा-आधारित शिक्षा से जोड़ना है। विद्यालय प्रबंधन के अनुसार द्वितीय चरण में बच्चों के प्रदर्शन के आधार पर पुरस्कारों की घोषणा की जाएगी, जिससे बच्चों का मनोबल और अधिक बढ़ेगा।
— Awanish Kumar Rai | Bureau Chief, Ghazipur
दिनांक: 02 फ़रवरी 2026
