पाकिस्तान की सेना पहले से ही बलूचिस्तान में विद्रोह और अफगान सीमा के पास पश्तून-बहुल क्षेत्रों में अशांति से फैली हुई है। विश्लेषकों का कहना है कि इस्लामाबाद के पास फिलहाल किसी अन्य बड़े और हथियारों से लैस चरमपंथी नेटवर्क के साथ सीधे टकराव की क्षमता नहीं है।
स्रोत: Zee News



