दिल्ली राज्य उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने शिकायतकर्ता के पक्ष में फैसला सुनाया, यह देखते हुए कि केवल मधुमेह या उच्च रक्तचाप जैसी सामान्य जीवनशैली की बीमारियाँ जानबूझकर गलत बयानी दिखाने वाले मजबूत सबूत के बिना दावा अस्वीकृति को उचित नहीं ठहरा सकती हैं।
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The Delhi State Consumer Disputes Redressal Commission ruled in favour of the complainant, noting that common lifestyle diseases like diabetes or hypertension alone cannot justify claim rejection without strong evidence showing intentional misrepresentation.
स्रोत: NDTV Profit
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स्रोतः आरआई न्यूज फीड नेटवर्क (एकीकृत) | संपादक मंडल: आरआई न्यूज डेस्क (RI News Desk)
📅 प्रकाशित तिथि: 22 May 2026 को 01:37 PM बजे | गाजीपुर, उत्तर प्रदेश



